10 अगस्त को राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस, 1 से 19 वर्ष तक के बच्चों-किशोरों को खिलाई जाएगी एल्बेंडाजोल*
10 अगस्त को राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस, 1 से 19 वर्ष तक के बच्चों-किशोरों को खिलाई जाएगी एल्बेंडाजोल*

आरंग। राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस (NDD) का आयोजन 10 अगस्त 2026 को पूरे छत्तीसगढ़ में किया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी संचालन दिशा-निर्देश के अनुसार प्रदेश में 1 से 19 वर्ष तक के बच्चों एवं किशोर-किशोरियों को कृमिनाशक दवा एल्बेंडाजोल 400 मिलीग्राम की गोली खिलाई जाएगी। छूटे हुए बच्चों को 17 अगस्त 2026 को मॉप-अप दिवस पर दवा खिलाने की व्यवस्था की गई है। अभियान का उद्देश्य बच्चों एवं किशोर-किशोरियों में कृमि संक्रमण को नियंत्रित करना, एनीमिया की रोकथाम, स्वास्थ्य एवं पोषण स्तर में सुधार तथा बच्चों की स्कूल में उपस्थिति और बौद्धिक विकास को बेहतर बनाना है। राज्य में कुल 1,10,15,942 बच्चों एवं किशोर-किशोरियों को एल्बेंडाजोल की गोली खिलाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। आयु के अनुसार दवा की खुराक निर्धारित दिशा-निर्देश के अनुसार 1 से 2 वर्ष के बच्चों को एल्बेंडाजोल 400 मिलीग्राम की आधी गोली दी जाएगी। गोली को चूरा कर पानी के साथ मिलाकर चम्मच से पिलाया जाएगा। 2 से 3 वर्ष के बच्चों को एक पूरी गोली चूरा कर पानी के साथ दी जाएगी। वहीं 3 से 19 वर्ष तक के बच्चों एवं किशोर-किशोरियों को एक पूरी गोली पानी के साथ चबाकर खाने के लिए दी जाएगी। स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्रों में होगा आयोजन 1 से 5 वर्ष तक के बच्चों तथा स्कूल नहीं जाने वाले 6 से 19 वर्ष तक के बच्चों को आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से दवा दी जाएगी। स्कूलों में 6 से 19 वर्ष के पंजीकृत बच्चों एवं किशोर-किशोरियों को शिक्षकों की निगरानी में दवा खिलाई जाएगी। स्कूल छोड़ चुके बच्चों को भी मॉप-अप दिवस पर दवा देने की व्यवस्था रहेगी। अभियान के प्रभावी संचालन के लिए स्वास्थ्य, शिक्षा, महिला एवं बाल विकास, पंचायत एवं ग्रामीण विकास तथा अन्य संबंधित विभागों के बीच समन्वय किया जाएगा। अधिकारियों को अभियान के व्यापक प्रचार-प्रसार, निगरानी और समय पर रिपोर्टिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। दवा खिलाने से पहले बरती जाएंगी सावधानियां निर्देशों में कहा गया है कि एल्बेंडाजोल की गोली खिलाने से पहले उसकी निर्माण एवं एक्सपायरी तिथि की जांच की जाए। बीमार बच्चों अथवा किसी अन्य दवा का सेवन कर रहे बच्चों को कृमिनाशक दवा न देने तथा किसी भी बच्चे को जबरदस्ती दवा न खिलाने के निर्देश दिए गए हैं। दवा सेवन के बाद किसी बच्चे को परेशानी होने पर अभिभावकों को तत्काल स्वास्थ्य सुविधा केंद्र से संपर्क कराने और संबंधित स्वास्थ्य अमले को सूचना देने की व्यवस्था भी की गई है। दिशा-निर्देशों में प्रतिकूल घटना की स्थिति में तत्काल चिकित्सकीय सहायता उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक इंतजाम रखने को कहा गया है। 17 अगस्त को मॉप-अप दिवस 10 अगस्त को किसी कारण से दवा लेने से छूटे बच्चों को 17 अगस्त 2026 को मॉप-अप दिवस पर एल्बेंडाजोल खिलाई जाएगी। इसके बाद अभियान की रिपोर्टिंग की प्रक्रिया निर्धारित समय-सारणी के अनुसार पूरी की जाएगी। स्वास्थ्य विभाग ने अभिभावकों, शिक्षकों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और मितानिनों से अभियान में सहयोग करने की अपील की है, ताकि कोई भी पात्र बच्चा कृमिनाशक दवा के सेवन से वंचित न रहे।



